आगरा पुलिस लाइन स्थित शहीद प्रशांत मेमोरियल सम्मेलन कक्ष में पुलिस प्रेस कॉन्फ्रेंस से पहले उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब हॉल की फॉल सीलिंग का एक हिस्सा अचानक नीचे गिर पड़ा।
बताया जा रहा है कि हादसे वाली जगह पर कुछ पत्रकार बैठे हुए थे, जो बाल-बाल बच गए। गनीमत रही कि इस घटना में किसी के घायल होने की जानकारी सामने नहीं आई है।

❓ अब सवाल उठता है—
- पुलिस लाइन जैसे महत्वपूर्ण परिसर के सम्मेलन कक्ष में फॉल सीलिंग का हिस्सा कैसे गिरा?
- क्या हॉल की सुरक्षा और रखरखाव की नियमित जांच की जाती है?
- अगर यह हिस्सा किसी पत्रकार के ऊपर गिर जाता, तो जिम्मेदारी किसकी होती?
- क्या इस घटना की जांच कराकर जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की जाएगी?
बड़ा सवाल: जब पुलिस लाइन का सम्मेलन कक्ष ही सुरक्षित नहीं, तो रखरखाव की जिम्मेदारी किसकी है?

